Sep 28, 2022, 20:16 IST

हिजाब विरोध प्रदर्शनकारियों को तेहरान की कुख्यात करचक जेल में कैद किया गया है।

हिजाब विरोध प्रदर्शनकारियों को तेहरान की कुख्यात करचक जेल में कैद किया गया है।

ईरान में हिजाब विरोधी प्रदर्शन मंगलवार को 12 वें दिन 35 से ज्यादा शहरों में फैल गया है। तख्तापलट की अशंका तेज हो गई है। ऐसे में ईरानी सेना रेवल्युशनरी गार्ड्स के टॉप कमांडरों ने अपने परिवारों को कैंट के इलाकों से सेफ हाउस में भेज दिया है। तेहरान में एक ऑयल कंपनी के गेस्ट हाउस में इन परिवारों को चौबीसों घंटे सुरक्षा मुहैया कराई जा रही है।

सूत्रों के अनुसार इन परिवारों को भरोसा दिया गया है कि प्रदर्शन जारी रहते हैं अथवा तख्तापलट होता है तो इन्हें सुरक्षित रूप से पड़ोसी देश जॉर्जिया भेज दिया जाएगा।

प्रदर्शनकारियों पर बल प्रयोग कर रही रहीसी सरकार
राष्ट्रपति रहीसी की सरकार ने हिजाब विरोधी प्रदर्शनकारियों पर कई शहरों में बलप्रयोग जारी रखा हुआ है। मृतकों की संख्या बढ़कर 80 तथा घायलों की संख्या 500 से ज्यादा हाे गई है। लगभग दो हजार से ज्यादा को गिरफ्तार किया गया है। ईरानी मॉरल पुलिस की कस्टडी में मारी गईं महाशा अमीनी के समर्थन में कई देशों में प्रदर्शन भी चल रहे हैं।

चीफ जस्टिस ने कबूला- ईरानी पुलिस बल पस्त हो गया, मनोबल भी टूट चुका
ईरान के चीफ जस्टिस मोहसेनी ऐजी ने स्वीकार िकया है कि पिछले लगभग दो हफ्ते से चल रहे प्रदर्शनों के कारण पुलिस बल पस्त हो गया है। एक वायरल वीडियो में ऐजी फोन पर किसी को बोल रहे हैं कि पुलिस का मनोबल टूट गया है। छुटि्टयां नहीं मिलने के कारण पुलिस वाले थक गए हैं। प्रदर्शनकारियों पर काबू नहीं पाया जा रहा है।

चीफ जस्टिस अहम: ईरानी सरकार में सुप्रीम नेता अयातुल्ला खमेनेई और राष्ट्रपति इब्राहीम रहीसी के बाद चीफ जस्टिस मोहसेनी ऐजी तीसरे नंबर पर है।

कुख्यात करचक जेल में कैद प्रदर्शनकारी यल्दा ने हत्या की आशंका जताई
हिजाब विरोध प्रदर्शनकारियों को तेहरान की कुख्यात करचक जेल में कैद किया गया है। फोटोजर्नलिस्ट यल्दा मोयारी ने गुप्त रूप से एक ऑडियो जारी कर कहा जेल में प्रदर्शनकारियों को खाना और पानी समय पर नहीं दिया जा रहा है। यल्दा ने आशंका जताई कि उनकी हत्या हो सकती है। हिजाब विरोधियों का कोई रिकॉर्ड उनके परिवार वालों को नहीं दिया गया है।